पुणे यूनिवर्सिटी का अजीब फरमान- मांसाहारी छात्रों को नहीं दिया जाएगा गोल्ड मैडल

Nov 11, 2017
पुणे यूनिवर्सिटी का अजीब फरमान- मांसाहारी छात्रों को नहीं दिया जाएगा गोल्ड मैडल

पिछले कुछ दिनों में देश की यूनिवर्सिटी अपने अजीबो गरीब फैसले की वजह से सुर्खियों में रही है। चाहे वो वाराणसी के बनारस हिन्दू विश्वविधालय में छात्राओं के ऊपर लाठीचार्ज करना हो या फिर दिल्ली के जवाहर लाल विश्वविधालय में छात्रों पर बिरयानी बनाने को लेकर जुर्माना लगाने का फैसला हो। लेकिन अब पुणे के सावित्री बाई फुले विश्‍वविद्यालय ने भी अपना नाम इस लिस्ट में दर्ज करवा लिया है।

बता दें कि पुणे विश्वविद्यालय ने एक सर्कुलर जारी करते हुए कहा है कि किसी भी छात्र को गोल्ड मेडल पाने के लिए जरूरी है कि वो इन शर्तों पर खरा उतरता हो। उनमें से एक शर्त ये भी है कि वह शाकाहारी हो और वह कोई नशा न करता हो। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि सर्कुलर के अनुसार 10 ऐसी शर्तें तय की गई हैं। जो महर्षि कीर्तंकर शेलार मामा गोल्‍ड मैडल के लिए पात्रता तय करते हैं। इनमें से सातवीं शर्त है ‘छात्र को किसी भी तरह का नशा नहीं करना चाहिए और उसे शाकाहारी होना चाहिए।’ विश्वविधालय के इस सर्कुलर के सामने आते ही अब राजनीती भी शुरू हो गई है। दूसरी तरफ कई छात्र संघ यूनिवर्सिटी के इस फैसले का विरोध कर रहे है। हालाँकि यूनिवर्सिटी का कहना है कि ‘यह हमारा फैसला नही है।’

विश्वविद्यालय ने अपने इस कदम का बचाव करते हुए कहा है कि यह शर्त मेडल के प्रायोजकों द्वारा रखी गई है। एक शीर्ष अधिकारी ने बताया कि चूंकि सभी पुरस्‍कार बाहरी लोगों द्वारा स्‍पॉन्‍सर किए जाते हैं, तो हम उनके ही नियम व शर्तों का पालन करते हैं।

शिवसेना और एनसीपी के छात्र संगठनो ने सर्कुलर पर भारी नाराजगी जाहिर की है। शिवसेना के युवा सेना अध्यक्ष आदित्य ठाकरे ने विश्वविद्यालय की निंदा की है। ठाकरे ने कहा कि ‘कोई क्या खाए क्या ना खाए ये उसका अपना फैसला होना चाहिए. यूनिवर्सिटी को केवल पढ़ाई पर ध्‍यान देना चाहिए।’ दूसरी तरफ एनसीपी की नेता और सांसद सुप्रिया सुले ने ट्वीट कर कहा कि, ‘पुणे यूनिवर्सिटी का निराशाजनक और चौंकाने वाला फैसला, अपने राज्‍य की शिक्षा पर गर्व है, हमारी यूनिवर्सिटीज को क्‍या हो गया है। कृपया शिक्षा पर ध्‍यान केंद्रित करें, भोजन पर नहीं।’

लाइक करें:-
 

संबंधित ख़बरें

वायरल वीडियो

और पढ़ें >>

मनोरंजन

और पढ़ें >>
और पढ़ें >>