किसानों के लिए बड़े एलान कर सकती है आप

Sep 07, 2016
किसानों के लिए बड़े एलान कर सकती है आप
रविवार को पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल राज्य के लिए किसान घोषणापत्र जारी करने वाले हैं। इसमें किसानों के कर्ज, आत्महत्या और फसल की कीमत जैसे मसलों पर अहम घोषणाएं हो सकती हैं।

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। अन्ना आंदोलन से ले कर अब तक शहरी इलाकों की पार्टी मानी जाती रही आम आदमी पार्टी (आप) अब पंजाब में अपना ज्यादा ध्यान ग्रामीण इलाकों में लगाना चाहती है। रविवार को पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल राज्य के लिए किसान घोषणापत्र जारी करने वाले हैं। इसमें किसानों के कर्ज, आत्महत्या और फसल की कीमत जैसे मसलों पर अहम घोषणाएं हो सकती हैं। इसी तरह पशुपालकों के लिए भी इसमें खास तौर पर कई एलान होंगे।

पंजाब में पार्टी की गतिविधियों को संभाल रहे पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह इस बारे में कहते हैं, ‘जिस पंजाब की खेती और किसान पूरे देश में सबसे आगे थे, उनको यहां की सरकारों ने इस हालत में ला दिया है कि वे आत्महत्या करने को मजबूर हो रहे हैं। बेटी की शादी के दिन बाप ने खुद को जला लिया। कर्ज से किसान कराह रहे हैं। कपास की खेती बर्बाद हो गई। लेकिन सरकार ने कोई सुनवाई नहीं की।’ रविवार को अरविंद केजरीवाल मोगा में किसान रैली कर ‘किसान घोषणापत्र’ जारी करेंगे। माना जा रहा है कि इसमें किसानों के लिए सस्ते और आसान कर्ज की योजना और कर्ज के जाल में फंसे किसानों के लिए विशेष सहायता की योजना के बारे में घोषणा होगी। पशुपालकों का ध्यान रखते हुए मिड डे मिल में दूध और उसके उत्पादों को शामिल करने का प्रस्ताव हो सकता है। हालांकि इस बारे में पूछे जाने पर संजय सिंह अभी कुछ भी कहने से मना कर देते हैं। इससे पहले पार्टी यहां युवाओं के लिए अलग से घोषणापत्र जारी कर चुकी है।

ये भी पढ़ें :-  झारखंड सरकार 1 अगस्त से बेचेगी शराब

पढ़ेंः

राज्य में पार्टी को खड़ा करने वाले सुच्चा सिंह छोटेपुर को पद से हटाए जाने के बाद यह केजरीवाल का राज्य का पहला दौरा है। लंबे अंतराल के बाद आ रहे केजरीवाल इस दौरान बड़ी तादाद में कार्यकर्ताओं से मुलाकात कर सीधे यह संदेश भी देंगे कि अब वे सीधे राज्य की गतिविधियों को संभाल रहे हैं। किसान रैली के रूप में पार्टी अपनी ताकत का प्रदर्शन भी करने की कोशिश करेगी। केजरीवाल गुरुवार को ही राज्य में पहुंच जाएंगे और रविवार तक यहीं बने रहेंगे। लुधियाना में वे कार्यकर्ताओं से अलग-अलग बैठकें कर उनकी शिकायतें भी सुनेंगे।

शहरी संगठन के तौर पर शुरुआत करने वाली पार्टी किसानों से किस तरह जुड़ पाएगी यह पूछने पर संजय सिंह कहते हैं, ‘अब वह दौर पुराना हो गया जब हमें शहरी कहा जाता था। अब तो हमारे विरोधी भी हमें झुग्गीवालों की, रिक्शेवालों की और किसानों की पार्टी बताते हैं। दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने किसानों के लिए जितना मुआवजा दिया, वह देश में कहीं और नहीं है।’ इसी तरह यहां के चुनाव में स्थानीय बनाम बाहरी के मुद्दे पर वे कहते हैं, ‘दिल्ली के चुनाव में सबसे ज्यादा रैली भगवंत मान की हुईं। हरजोत बैंस, हिम्मत शेरगिल, यामिनी गौमर की सभाएं हुईं। पंजाब से सैकड़ों कार्यकर्ता आए। वैसे ही दिल्ली के लोग आ रहे हैं। यह सिर्फ चंद नेताओं का मुद्दा है, लोगों का मुद्दा नहीं है। अगर संजय सिंह और दुर्गेश पाठक ने उनकी लूट-खसोट को रोक दिया तो वे बाहरी हो गए। इसी तरह कांग्रेस वाले यह मुद्दा उठा रहे हैं, उन्हीं के तर्क को मानें तो सोनिया गांधी इटली की हो गईं, हरीश चौधरी राजस्थान के हैं।’

ये भी पढ़ें :-  अमेरिका: हैदराबाद के युवक की गोली मारकर हत्या, गोली मारने वाले ने कहा- 'निकल जाओ मेरे देश से'

पढ़ेंः

लाइक करें:-
कमेंट करें :-
 

संबंधित ख़बरें

वायरल वीडियो

और पढ़ें >>

मनोरंजन

और पढ़ें >>
और पढ़ें >>
error: 24hindinews.com\'s content is copyright protected
error: 24hindinews.com\'s content is copyright protected