Poetic Fun: हीटर बिना नहीं किसी को, सर्दी में मिले सुकून

Feb 03, 2016

रहिमन हीटर राखिए, बिन हीटर सब सून।

हीटर बिना नहीं किसी को, सर्दी में मिले सुकून।।

हीटर जो देखन मैं गया, हीटर ना मिलया कोय।

जब घर लौटा आपणे, सर्दी में कट-कट होय।।

बिजली का बिल देखकर, दिया कबीरा रोय।

दर्जन हीटर के फेर में, खाता बचा ना कोय।।

बाट ना देखिए हीटर की, जला लीजिए भट्टी।

चार दिनों की बात है, फिर आठ महीने छुट्टी।।

कंबल ओढ़त रात गई, आई ना लेकिन लाईट।

मच्छर गाते रहे कान में, तक तना तंदूरी नाईट।।

सर्दी में काली-काली सूरत, फटी-फटी सी स्किन।

कन्या कोई न देखे मुड़के, आ गए ऐसे दिन।।
संगीत सुमन, इंदौर

लाइक करें:-
कमेंट करें :-
 

संबंधित ख़बरें

वायरल वीडियो

और पढ़ें >>

मनोरंजन

और पढ़ें >>
और पढ़ें >>